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DENTISTRY FOR EVERYONE IN FAMILY

WE AIM TO HELP OUR PATIENTS TO RELIEVE THEIR STRESS RELATED TO DENTAL TREATMENT ALONG WITH PROVIDING AFFORDABLE YET COMMENDABLE DENTAL SERVICES
 Dr. Sparsh Multispeciality Dental Care Clinic Is A Dental Clinic In Sikandra, Agra. The Clinic is Visited By Dr. Sparsh Nigam. We Provide Complete Oral & Dental Health Solutions For Everyone In The Family.
DrSPARSH NIGAM BDS WORKS AS HEAD OF DENTAL DEPARTMENT IN NAIMINATH HOMEOPATHIC MEDICAL COLLEGE KUBERPUR AGRA AND AS CONSULTANT DENTAL SURGEON IN DrSPARSH MULTISPECIALITY DENTAL CARE SHASTRIPURAM SIKANDRA AGRA

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कुछ जाव्वारिसी वदम खाने के दौरान दांतों से क्यों                            चिपक जाता है? जाववारीसी वदम, जिसे साबूदाना वड़ा के नाम से भी जाना जाता है,  यह एक लोकप्रिय भारतीय नाश्ता है जो भिगोए हुए और मसले हुए साबूदाने, मसालों और कभी-कभी आलू से बनाया जाता है । वड़े का चिपचिपापन कुछ कारणों से हो सकता है। सबसे पहले, वड़ा बनाने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले साबूदाने में स्टार्च की मात्रा अधिक होती है , जो पकने पर उन्हें चिपचिपा बना सकता है। अगर साबूदाने को ठीक से भिगोया नहीं गया है, या ज्यादा पकाया गया है, तो यह और भी ज्यादा चिपचिपा हो सकता है । दूसरे, वड़े को एक साथ रखने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला बाध्यकारी एजेंट भी इसकी चिपचिपाहट में योगदान दे सकता है। कुछ व्यंजनों में आलू या कॉर्नस्टार्च को एक बाध्यकारी ए जेंट के रूप में कहा जाता है, जो वड़ा की चिपचिपाहट को बढ़ा सकता है। अंत में, वड़ा तलने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला तेल भी इसके चिपचिपाहट में एक भूमिका निभा सकता है। यदि तेल पर्याप्त गर्म नहीं है, या ...

MOUTH CARE IN PREGNANCY

गर्भावस्था में मुख की देखभाल कैसे करे? बता रहे है डॉ स्पर्श निगम गर्भावस्था स्त्रियों के लिए एक बहुत ही जीवनस्पर्शी व संघर्ष से भरा अनुभव है, यह समय किसी भी स्त्री के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है क्युकी इस समय शरीर में होने वाले बदलाव आपको एक नए जीवन के आने के लिए तैयार करते है! प्रेग्नेंसी के दौरान होने वाले हार्मोन्स के उतार चढ़ाव के कारण कई प्रकार की समस्या होने लगती है जैसे कि पैरो में सूजन ,कमर में दर्द व मसूड़ों में सूजन। प्रोजेस्ट्रॉन एक प्रेग्नेंसी हार्मोन है जिसके कारण मसूड़ों की बीमारी उत्पन्न होती है खासतौर पर प्रेग्नेंसी के दूसरे से आठवें महीने के बीच में। इस समय में होने वाले कुछ लक्षणों के बारे में आपको जागरूक होना आवश्यक है जो की इस प्रकार हैं  - मसूड़ों में सूजन - मसूड़ों में खुजली होना - ब्रश करने पर मसूड़ों से खून आना - मसूड़े के किसी भाग का बढ़ जाना या पस निकलना इसलिए मेरा सुझाव है कि जैसे ही आपको अपने गर्भ धारण का पता चले,आप अपने दंत चिकित्सक से एक रूटीन चेक अप अवश्य करवाए,जिस से दांतो में मौजूद कोई भी बीमारी का पता पहले ही चल सके! मेरी ...

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